हिमाचल प्रदेश के कुल्लू जिले में एक अजीबोगरीब मामला सामने आया है, जहां चंडीगढ़-कुल्लू-मनाली राष्ट्रीय राजमार्ग-3 पर स्थित टकोली टोल प्लाजा करीब एक वर्ष से बंद होने के बावजूद हिमाचल पथ परिवहन निगम (एचआरटीसी) की बसों में यात्रियों से पांच रुपये टोल टैक्स वसूला जा रहा है। यह विसंगति तब उजागर हुई जब एक यात्री ने कुल्लू से बंजार के लिए एचआरटीसी बस का टिकट लिया, जिसमें किराए के साथ पांच रुपये टोल टैक्स भी जुड़ा हुआ था।

टोल वसूली बंद, फिर भी शुल्क जारी
जानकारी के अनुसार, केंद्र सरकार ने अगस्त 2025 से टकोली टोल प्लाजा पर टोल वसूली बंद कर दी थी। इसके बावजूद, एचआरटीसी की इलेक्ट्रॉनिक टिकटिंग मशीनों (ईटीएम) से जारी किए जा रहे टिकटों में टोल शुल्क अपने आप जुड़ रहा है। इस स्थिति ने यात्रियों के बीच यह सवाल खड़ा कर दिया है कि जब टोल प्लाजा बंद है, तो फिर उनसे यह राशि क्यों ली जा रही है।

स्थानीय लोगों का कहना है कि यह समस्या केवल कुल्लू-मंडी-चंडीगढ़ या कुल्लू-बंजार-आनी जैसे रूटों तक ही सीमित नहीं है, बल्कि प्रदेश की कई अन्य रूटों पर चलने वाली एचआरटीसी बसों में भी यात्रियों से टोल टैक्स वसूला जा रहा है। इस संबंध में, लोगों ने मामले की गहन जांच की मांग की है और यात्रियों से वसूली गई अतिरिक्त राशि के बारे में स्पष्टीकरण मांगा है।

एचआरटीसी कुल्लू के उपमंडलीय प्रबंधक डी.के. नारंग ने इस मामले पर सफाई देते हुए बताया कि यह एक तकनीकी समस्या है। उन्होंने कहा कि नई इलेक्ट्रॉनिक टिकटिंग मशीनों के सॉफ्टवेयर में यह शुल्क पहले से ही दर्ज है। उन्होंने आगे बताया कि इस तकनीकी खामी की जानकारी निगम प्रबंधन को दे दी गई है और जल्द ही सॉफ्टवेयर में आवश्यक संशोधन कर इस समस्या का समाधान किया जाएगा।

यह मामला यात्रियों को हो रही असुविधा और भ्रम को उजागर करता है। निगम से उम्मीद है कि वे इस तकनीकी समस्या का शीघ्र समाधान कर यात्रियों को राहत प्रदान करेंगे और यह सुनिश्चित करेंगे कि बंद हो चुके टोल प्लाजा के लिए किसी भी यात्री से अतिरिक्त शुल्क न वसूला जाए।