
एम्स बिलासपुर के नवजात शिशु विभाग में गंभीर रूप से बीमार बच्चों के इलाज और जांच सुविधाओं को और आधुनिक बनाने की तैयारी शुरू हो गई है। संस्थान ने नवजात शिशुओं के लिए अत्याधुनिक पोर्टेबल ब्लड कोगुलेशन जांच मशीन खरीदने की प्रक्रिया शुरू कर दी है। इस मशीन के जरिए बच्चों के खून के थक्के बनने से जुड़े महत्वपूर्ण टेस्ट कुछ ही मिनटों में किए जा सकेंगे। एम्स की ओर से जारी टेंडर नोटिस के अनुसार नई मशीन से पीटी, आईएनआर, एपीटीटी जैसे
जरूरी ब्लड कोगुलेशन टेस्ट तेजी और सटीकता के साथ किए जाएंगे।
ये जांचें खासतौर पर उन नवजात बच्चों के लिए बेहद जरूरी होती हैं जो गंभीर संक्रमण, रक्तस्त्राव या अन्य जटिल बीमारियों से जूझ रहे होते हैं। समय पर रिपोर्ट मिलने से डॉक्टर तुरंत इलाज शुरू कर सकेंगे, जिससे बच्चों की जान बचाने में मदद मिलेगी। नई मशीन की सबसे बड़ी विशेषता यह होगी कि जांच के लिए केवल 10 माइक्रोलीटर यानी एक बूंद से भी कम खून की जरूरत पड़ेगी। अभी तक छोटे बच्चों की जांच के लिए अपेक्षाकृत अधिक रक्त लेना पड़ता था, जिससे नवजातों को परेशानी होती थी। नई तकनीक से बच्चों को बार-बार सुई चुभाने और ज्यादा रक्त निकालने की तकलीफ से राहत मिलेगी।
