हिमाचल किसान सभा व सेब उत्पादक संघ की अगुवाई में किसानों व बागवानों ने मंगलवार को सचिवालय का घेराव किया। सरकार से बेदखली व घरों की तालाबंदी पर रोक लगाने की मांग को लेकर किसान सभा व सेब उत्पादक संघ ने टाॅलैंड से सचिवालय तक रैली निकाली। इसके बाद सचिवालय के पास चक्का जाम कर दिया है। सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। इस दाैरान प्रदर्शनकारी जब बैरिकेड्स को हटाने कर  सचिवालय की ओर बढ़ने की कोशिश करने लगे तो पुलिस ने उन्हें रोक दिया। इस दाैरान हल्की धक्का-मुक्की भी हुई और माहाैल तनावपूर्ण हो गया। 


सेब उत्पादक संघ राज्य कमेटी संजय चौहान ने कहा कि विशेष रूप से मानसून के मौसम के दौरान बड़े पैमाने पर पेड़ों की कटाई से हिमाचल में भूस्खलन और मिट्टी के कटाव का खतरा काफी बढ़ जाता है। हिमाचल प्रदेश भूकंपीय गतिविधि और पारिस्थितिक संवेदनशीलता वाला क्षेत्र है। सेब के बगीचे महज अतिक्रमण नहीं हैं, बल्कि ये मृदा स्थिरता में योगदान देते हैं, स्थानीय वन्यजीवों के लिए आवास उपलब्ध कराते हैं और राज्य की अर्थव्यवस्था की रीढ़ हैं तथा हजारों किसानों की आजीविका को सहारा देते हैं।