
सोलन। हिमाचल प्रदेश के प्रसिद्ध कसौली क्लब में 23 से 25 अक्तूबर तक 15वें खुशवंत सिंह लिटरेचर फेस्ट का आयोजन किया जाएगा। तीन दिवसीय इस आयोजन में इस बार साहित्य के साथ-साथ अंतरराष्ट्रीय राजनीति, भू-राजनीति और युवाओं से जुड़े महत्वपूर्ण मुद्दों पर भी बेबाक चर्चा देखने को मिलेगी।
लिट फेस्ट में इस बार इस्राइल, ईरान और अमेरिका के बीच जारी तनाव प्रमुख चर्चा का विषय रहेगा। इसके साथ ही Gen Z से जुड़े सामाजिक और समसामयिक मुद्दों पर भी अलग-अलग सत्रों में चर्चा होगी।
आयोजन को लेकर तैयारियां शुरू हो गई हैं और पंजीकरण प्रक्रिया भी शुरू हो चुकी है। देश-विदेश से लेखक, साहित्यकार, बुद्धिजीवी और विभिन्न क्षेत्रों के विशेषज्ञ इस आयोजन में हिस्सा लेने पहुंचेंगे।
मध्य पूर्व का संघर्ष रहेगा प्रमुख आकर्षण
खुशवंत सिंह लिटरेचर फेस्ट समसामयिक और महत्वपूर्ण विषयों पर बेबाक चर्चा के लिए जाना जाता है। इस बार मध्य पूर्व में जारी संघर्ष पर केंद्रित सत्र आयोजन के प्रमुख आकर्षणों में शामिल होगा।
इस सत्र में भू-राजनीतिक विशेषज्ञों, लेखकों और विचारकों को आमंत्रित किया जा रहा है। विशेषज्ञ इस्राइल, ईरान और अमेरिका के बीच तनाव की पृष्ठभूमि, मौजूदा परिस्थितियों और इसके संभावित वैश्विक प्रभावों पर अपने विचार रखेंगे।
इस तरह लिट फेस्ट का यह संस्करण तेजी से बदल रहे वैश्विक भू-राजनीतिक परिदृश्य पर भी केंद्रित रहेगा।
Gen Z के मुद्दों पर भी होगी चर्चा
अंतरराष्ट्रीय मुद्दों के साथ इस बार Gen Z से जुड़े सामाजिक और समसामयिक विषय भी चर्चा के केंद्र में रहेंगे। बदलते दौर में युवाओं की सोच, उनकी प्राथमिकताओं और समाज में हो रहे बदलावों से जुड़े मुद्दों पर वक्ताओं के बीच विचार-विमर्श होगा।
इस दौरान अलग-अलग क्षेत्रों से आने वाले लेखक और विशेषज्ञ अपने विचार साझा करेंगे।
2012 में हुई थी लिट फेस्ट की शुरुआत
खुशवंत सिंह लिटरेचर फेस्ट की शुरुआत वर्ष 2012 में खुशवंत सिंह की स्मृति में उनके बेटे राहुल सिंह और उनके कुछ मित्रों ने की थी। तब से यह आयोजन देश-विदेश के चर्चित लेखकों और साहित्यकारों को एक मंच प्रदान करता आ रहा है।
लिट फेस्ट में साहित्य के अलावा सामाजिक, राजनीतिक और समसामयिक मुद्दों पर भी खुलकर चर्चा होती है।
कसौली से था खुशवंत सिंह का गहरा लगाव
प्रसिद्ध लेखक और पत्रकार खुशवंत सिंह का कसौली से गहरा लगाव था। वह कसौली को अपना दूसरा घर मानते थे। उनकी चर्चित कृति ‘ट्रेन टू पाकिस्तान’ समेत कई रचनाओं का लेखन कसौली स्थित राज विला में हुआ था।
खुशवंत सिंह पत्रकार, लेखक, उपन्यासकार और इतिहासकार के रूप में देश-दुनिया में प्रसिद्ध रहे। उनका जन्म 2 फरवरी 1915 को हुआ था और 20 मार्च 2014 को उनका निधन हुआ।
साहित्य और पत्रकारिता के क्षेत्र में उनके योगदान के लिए उन्हें पद्म भूषण (1974) और पद्म विभूषण (2007) से सम्मानित किया गया था।
इस बार कसौली में होने वाला 15वां लिट फेस्ट साहित्य से आगे बढ़कर अंतरराष्ट्रीय तनाव, बदलती दुनिया और Gen Z के सवालों को एक मंच पर लाने वाला महत्वपूर्ण आयोजन बनने जा रहा है।
