शिमला: हिमाचल प्रदेश विधानसभा के आगामी सत्र को लेकर बड़ा अपडेट सामने आया है। राज्यपाल कविंद्र गुप्ता ने 14वीं विधानसभा के तेरहवें सत्र को बुलाने की मंजूरी दे दी है। विधानसभा सचिवालय की ओर से जारी अधिसूचना के अनुसार, सत्र 16 नवंबर से 21 नवंबर 2026 तक धर्मशाला के तपोवन स्थित विधानसभा परिसर में आयोजित होगा। इस दौरान लगातार छह दिनों तक सदन की कार्यवाही चलेगी।

16 नवंबर को दोपहर 2 बजे शुरू होगी कार्यवाही

विधानसभा के छह दिवसीय सत्र का पहला दिन सोमवार, 16 नवंबर को होगा। सदन की बैठक दोपहर 2 बजे शुरू होगी। पहले दिन शोक उद्गार, यदि कोई हो, के साथ शासकीय और विधायी कार्य किए जाएंगे।

17 और 18 नवंबर को होंगे शासकीय कार्य

सत्र के दूसरे दिन मंगलवार, 17 नवंबर और तीसरे दिन बुधवार, 18 नवंबर को शासकीय और विधायी कार्य प्रस्तावित हैं। इन दोनों दिनों के लिए जारी अस्थायी कार्यसूची में सदन के नियमित कामकाज का प्रावधान किया गया है।

19 नवंबर को गैर-सरकारी सदस्य कार्य दिवस

गुरुवार, 19 नवंबर को सदन में शासकीय और विधायी कार्यों के साथ गैर-सरकारी सदस्य कार्य दिवस भी निर्धारित किया गया है। इस दिन गैर-सरकारी सदस्यों से संबंधित कार्य किए जाने का प्रावधान है।

20 और 21 नवंबर को भी चलेगी सदन की कार्यवाही

शुक्रवार, 20 नवंबर और शनिवार, 21 नवंबर को भी विधानसभा में शासकीय और विधायी कार्य प्रस्तावित हैं। इस तरह तपोवन में छह दिनों तक सदन की कार्यवाही जारी रहेगी।

विधानसभा सत्र का पूरा शेड्यूल

  • 16 नवंबर, सोमवार: दोपहर 2 बजे बैठक, शोक उद्गार (यदि कोई हो) और शासकीय एवं विधायी कार्य।
  • 17 नवंबर, मंगलवार: शासकीय एवं विधायी कार्य।
  • 18 नवंबर, बुधवार: शासकीय एवं विधायी कार्य।
  • 19 नवंबर, गुरुवार: शासकीय एवं विधायी कार्य और गैर-सरकारी सदस्य कार्य दिवस।
  • 20 नवंबर, शुक्रवार: शासकीय एवं विधायी कार्य।
  • 21 नवंबर, शनिवार: शासकीय एवं विधायी कार्य।

संबंधित विभागों और जनप्रतिनिधियों को भेजी गई सूचना

विधानसभा सचिवालय ने सत्र से संबंधित अधिसूचना की प्रतियां विधानसभा के सभी सदस्यों, हिमाचल प्रदेश से लोकसभा और राज्यसभा के सांसदों, राज्य सरकार के मुख्य सचिव, संसदीय कार्य मंत्रालय, निर्वाचन आयोग और अन्य संबंधित अधिकारियों को भेज दी हैं। राज्यपाल सचिवालय, मुख्यमंत्री कार्यालय, मंत्रियों और विभागाध्यक्षों को भी इसकी सूचना दी गई है।

फिलहाल जारी अस्थायी कार्यसूची में प्रत्येक दिन के कामकाज की श्रेणी बताई गई है। हालांकि, किस दिन कौन-सा विशिष्ट मुद्दा सदन में उठाया जाएगा, इसकी विस्तृत जानकारी अभी इस कार्यसूची में नहीं दी गई है।

अब नजरें नवंबर में होने वाले इस छह दिवसीय सत्र पर रहेंगी, जहां सदन की कार्यवाही के दौरान प्रदेश से जुड़े विभिन्न शासकीय और विधायी कार्य किए जाएंगे।