
शिमला: हिमाचल प्रदेश में नशा तस्करी के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान के तहत शिमला पुलिस ने वर्ष 2026 की सबसे बड़ी कार्रवाई करते हुए 1.120 किलोग्राम हाई ग्रेड चिट्टा (हेरोइन) बरामद किया है। अंतरराष्ट्रीय बाजार में इसकी कीमत करीब 6 करोड़ रुपये आंकी गई है। पुलिस ने इस मामले में हरियाणा के अंबाला निवासी 22 वर्षीय विजय कुमार को गिरफ्तार कर लिया है। अब पुलिस अंतरराज्यीय ड्रग नेटवर्क, सप्लाई चेन और वित्तीय लेन-देन की गहन जांच कर रही है।
गुप्त सूचना पर शोघी में बिछाया जाल
पुलिस के अनुसार स्पेशल सेल को सूचना मिली थी कि एक तस्कर भारी मात्रा में चिट्टा लेकर शिमला पहुंचने वाला है। सूचना मिलते ही पुलिस टीम ने शोघी क्षेत्र में नाकाबंदी कर संदिग्ध गतिविधियों पर नजर रखी। जांच के दौरान आरोपी को रोककर तलाशी ली गई, जिसमें उसके कब्जे से 1 किलो 120 ग्राम चिट्टा बरामद हुआ। इसके बाद पुलिस ने उसे मौके पर ही गिरफ्तार कर लिया।
तारा देवी में पहुंचनी थी खेप
प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि आरोपी हरियाणा से यह खेप लेकर शिमला पहुंचा था। पुलिस के मुताबिक यह नशीला पदार्थ तारा देवी क्षेत्र में मौजूद संपर्कों तक पहुंचाया जाना था, लेकिन उससे पहले ही पुलिस ने कार्रवाई कर पूरी सप्लाई चेन को बड़ा झटका दे दिया।
एनडीपीएस एक्ट के तहत मामला दर्ज
आरोपी के खिलाफ एनडीपीएस एक्ट के तहत मामला दर्ज किया गया है। पुलिस अब यह पता लगाने में जुटी है कि इस नेटवर्क से जुड़े अन्य लोग कौन हैं, नशीला पदार्थ कहां से लाया गया और इसकी सप्लाई किन-किन राज्यों तक फैली हुई है। जांच के दौरान मोबाइल रिकॉर्ड, तकनीकी साक्ष्य, बैंकिंग और वित्तीय लेन-देन के साथ अन्य राज्यों से जुड़े लिंक भी खंगाले जा रहे हैं।
पूरे नेटवर्क पर फोकस
शिमला पुलिस का कहना है कि इस वर्ष नशा तस्करी के खिलाफ रणनीति को और मजबूत किया गया है। अब केवल छोटे तस्करों पर कार्रवाई करने के बजाय बड़े सप्लायरों, संगठित गिरोहों और वित्तीय नेटवर्क तक पहुंचने पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है। आदतन नशा तस्करों के खिलाफ PITNDPS Act के तहत भी सख्त कार्रवाई की जा रही है।
2026 में अब तक बड़ी बरामदगी
पुलिस के अनुसार वर्ष 2026 में जिला शिमला में अब तक:
- 4 किलोग्राम से अधिक चिट्टा
- 14 किलोग्राम अफीम
- 15 किलोग्राम चरस
- 5 किलोग्राम से अधिक पोस्त
- 11.6 ग्राम एलएसडी
- लगभग 60 ग्राम मेथामफेटामाइन (आइस)
- 10 लाख से अधिक अवैध भांग के पौधे
बरामद या नष्ट किए जा चुके हैं।
पुलिस का कहना है कि यह कार्रवाई अंतरराज्यीय नशा तस्करी नेटवर्क के खिलाफ बड़ी सफलता है और इससे हिमाचल में नशे की सप्लाई पर प्रभाव पड़ने की उम्मीद है।
